
नई दिल्ली। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी इस महीने के अंत में गुवाहाटी और कोलकाता के बीच बहुप्रतीक्षित वंदे भारत स्लीपर ट्रेन को हरी झंडी दिखाएंगे। देश की पहली वंदे भारत स्लीपर ट्रेन के एडवांस फीचर्स को रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने विस्तार से बताया। यह ट्रेन असम और पश्चिम बंगाल के प्रमुख जिलों को कवर करेगी और दोनों राज्यों को जोड़ने वाली पहली वंदे भारत स्लीपर ट्रेन होगी।
यात्री क्षमता और रफ्तार
इस ट्रेन में 16 डिब्बे हैं और इसकी यात्री क्षमता 823 है। इसमें से 11 डिब्बे थर्ड एसी, 4 डिब्बे सेकंड एसी और 1 डिब्बा फर्स्ट एसी का है। कुल सीटों में 611 थर्ड एसी, 188 सेकंड एसी और 24 फर्स्ट एसी सीटें शामिल हैं। डिजाइन गति 180 किलोमीटर प्रति घंटा है, लेकिन फिलहाल यह दोनों शहरों के बीच 120-130 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से चलेगी।
एडवांस सुरक्षा और सुविधा
सुरक्षा की दृष्टि से यह ट्रेन अत्यंत एडवांस्ड है। इसमें फायर सेफ्टी सिस्टम, वॉटर स्प्रिंकलर मशीन, AI इंटीग्रेटेड कैमरा, और सेंसर डोर जैसे फीचर्स हैं। यात्रियों के सुविधा के लिए ट्रेन में बेहतर कुशनिंग, एर्गोनॉमिक बर्थ, और स्वचालित वेस्टिब्यूल वाले दरवाजे हैं। इसके अलावा, बेहतर सस्पेंशन और शोर कम करने वाली तकनीक यात्रा को आरामदायक बनाती है।
खाने और किराया
रेल मंत्री ने बताया कि इस ट्रेन में यात्रियों को लोकल फूड परोसा जाएगा। ट्रेन लग्जरी सुविधाओं से लैस है, लेकिन किराया मिडिल क्लास के बजट को ध्यान में रखते हुए तय किया गया है।
स्वच्छता और स्वास्थ्य सुरक्षा
ट्रेन में कीटाणुनाशक तकनीक का इस्तेमाल किया गया है, जो 99.9 प्रतिशत रोगाणुओं को नष्ट कर देती है। इसके साथ ही स्वचालित ट्रेन सुरक्षा प्रणाली (कवच) और आपातकालीन टॉक-बैक सिस्टम भी मौजूद हैं। रेल मंत्री ने बताया कि यह तकनीक वंदे भारत चेयर-कार संस्करण में भी उपयोग की जा रही है।
यह ट्रेन न सिर्फ यात्रियों को आरामदायक सफर देगी, बल्कि असम और कोलकाता के बीच ट्रैफिक को भी प्रभावित करेगी और क्षेत्र के लोगों के लिए एक सुरक्षित और सुविधाजनक विकल्प साबित होगी।















