फिल्म जन नायकन की रिलीज मामले पर सुनवाई से सुप्रीम कोर्ट का इनकार

नई दिल्ली : उच्चतम न्यायालय ने तमिल अभिनेता विजय की फिल्म जन नायकन की रिलीज के मामले पर फिल्म निर्माता की याचिका पर सुनवाई करने से इनकार कर दिया है। जस्टिस दीपांकर दत्ता की अध्यक्षता वाली बेंच ने याचिकाकर्ता को मद्रास उच्च न्यायालय जाने को कहा। उच्चतम न्यायालय ने मद्रास उच्च न्यायालय को इस मामले पर 20 जनवरी को सुनवाई करने का आदेश दिया।

फिल्म के निर्माता केवीएन प्रोडक्शंस ने मद्रास उच्च न्यायालय के अंतरिम आदेश को उच्चतम न्यायालय में चुनौती दी थी। फिल्म को शुरुआत में यूए सर्टिफिटेट मिलना था लेकिन कुछ शिकायतों के बाद इस पर ग्रहण लग गया। फिल्म के निर्माताओं ने सेंसर बोर्ड के सामने 18 दिसंबर, 2025 को फिल्म का प्रदर्शन किया था। सेंसर बोर्ड ने कुछ कट के साथ फिल्म को यूए सर्टिफिकेट देने की सिफारिश की थी, जिसके बाद निर्माताओं ने फिल्म में जरुरी बदलाव कर दिए लेकिन सेंसर बोर्ड ने सर्टिफिकेट जारी नहीं किया।

सेंसर बोर्ड से सर्टिफिकेट नहीं मिलने के बाद फिल्म के निर्माताओं ने मद्रास उच्च न्यायालय की सिंगल बेंच के समक्ष याचिका दायर की थी। सिंगल बेंच ने सेंसर बोर्ड को निर्देश दिया था कि वो जल्द ही यूए सर्टिफिकेट जारी करे। सिंगल बेंच के इस आदेश को सेंसर बोर्ड ने उच्च न्यायालय की डिवीजन बेंच में चुनौती देते हुए कहा कि उसका पक्ष सुने बिना ही आदेश पारित कर दिया गया। डिवीजन बेंच ने सिंगल बेंच के आदेश पर रोक लगा दी। उसके बाद फिल्म की रिलीज पर अनिश्चितता के बादल छा गए। फिल्म 9 जनवरी को रिलीज होने वाली थी।

फिल्म का निर्देशन एच विनोद ने किया है, जबकि फिल्म में अभिनेता विजय के साथ पूजा हेगड़े मुख्य भूमिका में हैं। फिल्म 22 देशों में चार भाषाओं में रिलीज होने वाली है।

खबरें और भी हैं...

अपना शहर चुनें