विशेष प्रगाढ़ पुनरीक्षण अभियान: बस्ती में मतदाता सूची के आलेख्य प्रकाशन की प्रक्रिया पूरी, 16.02 लाख प्रपत्र डिजिटाइज

बस्ती : निर्वाचन आयोग के निर्देश पर जनपद बस्ती में चल रहे विशेष प्रगाढ़ पुनरीक्षण अभियान के तहत मतदाता सूची के आलेख्य प्रकाशन की प्रक्रिया मंगलवार को पूर्ण कर ली गई। इस अभियान का उद्देश्य मतदाता सूची को अद्यतन, त्रुटिरहित और पारदर्शी बनाना है। प्रशासन की ओर से जारी आधिकारिक आंकड़ों के अनुसार जिले में कुल 19,00,430 मतदाताओं के गणना प्रपत्र वितरित किए गए, जिनमें से अब तक 16,02,143 मतदाताओं के प्रपत्रों का डिजिटाइजेशन पूरा कर लिया गया है।

सेल्फ और प्रोजेनी श्रेणी में बड़ी संख्या

डिजिटाइज किए गए मतदाताओं में 6,73,060 मतदाता (35.42 प्रतिशत) सेल्फ कैटेगरी में शामिल हैं, जबकि 8,17,411 मतदाता (43.01 प्रतिशत) प्रोजेनी कैटेगरी के अंतर्गत दर्ज किए गए हैं। इसके अलावा 14,90,471 मतदाताओं का वर्ष 2003 की मतदाता सूची से सफलतापूर्वक मैपिंग कर ली गई है, जिससे मतदाता सूची की प्रामाणिकता को मजबूती मिली है।

1.13 लाख मतदाता 2003 की सूची से नहीं हो सके मैप

पुनरीक्षण प्रक्रिया के दौरान 1,13,363 मतदाता (5.86 प्रतिशत) ऐसे पाए गए, जिनका मिलान वर्ष 2003 की मतदाता सूची से नहीं हो सका। प्रशासन के अनुसार इन सभी मतदाताओं को नोटिस जारी कर निर्वाचन आयोग द्वारा निर्धारित अभिलेख प्रस्तुत करने का अवसर दिया जाएगा। यह प्रक्रिया 06 जनवरी 2026 से 27 फरवरी 2026 तक चलेगी, जिसमें नोटिस जारी करना, सुनवाई, सत्यापन, गणना प्रपत्रों पर निर्णय तथा दावा-आपत्तियों के निस्तारण का कार्य किया जाएगा।

करीब तीन लाख मतदाता ‘अनकलेक्टेबल कैटेगरी’ में

विशेष पुनरीक्षण अभियान के तहत 2,98,287 मतदाता (15.70 प्रतिशत) अनकलेक्टेबल कैटेगरी में चिन्हित किए गए हैं। इनमें 57,467 मतदाता (3.02 प्रतिशत) मृत पाए गए, 57,404 मतदाता (2.86 प्रतिशत) अनुपस्थित अथवा अनट्रेसेबल, 1,48,055 मतदाता (7.79 प्रतिशत) स्थायी रूप से स्थानांतरित, 37,277 मतदाता (1.96 प्रतिशत) पहले से अन्य स्थानों पर पंजीकृत तथा 1,084 मतदाता (0.06 प्रतिशत) अन्य श्रेणी में शामिल हैं।

राजनीतिक दलों के साथ समीक्षा बैठक

इसी क्रम में मंगलवार को कलेक्ट्रेट सभागार में जिलाधिकारी कृतिका ज्योत्सना की अध्यक्षता में मान्यता प्राप्त राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों के साथ समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में अपर जिलाधिकारी प्रतिपाल सिंह चौहान और उपजिलाधिकारी शत्रुघ्न पाठक भी उपस्थित रहे। अधिकारियों ने पुनरीक्षण अभियान की प्रगति, दावा-आपत्ति की प्रक्रिया, नोटिस फेज तथा अंतिम प्रकाशन के कार्यक्रम की विस्तृत जानकारी राजनीतिक दलों को दी।

मतदाता सूची के शुद्धिकरण में सहयोग की अपील

बैठक के दौरान प्रशासन ने सभी राजनीतिक दलों से मतदाता सूची के शुद्धिकरण में सक्रिय सहयोग करने, पात्र मतदाताओं को जागरूक करने और निर्धारित समयसीमा के भीतर आपत्तियां प्रस्तुत करने की अपील की। निर्वाचन कार्यक्रम के अनुसार दावा-आपत्तियां 06 जनवरी से 06 फरवरी 2026 तक दर्ज की जाएंगी, जबकि अंतिम शुद्ध मतदाता सूची का प्रकाशन 06 मार्च 2026 को किया जाएगा।

प्रशासन का कहना है कि यह अभियान निष्पक्ष, पारदर्शी और त्रुटिरहित मतदाता सूची तैयार करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है, जिससे लोकतांत्रिक प्रक्रिया को और अधिक मजबूत बनाया जा सके।

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