
नई दिल्ली। आम आदमी पार्टी के सांसद राघव चड्ढा ने गिग वर्कर्स और डिलीवरी पार्टनर्स के लिए जारी किए गए ड्राफ्ट सोशल सिक्योरिटी नियमों की काफी तारीफ की है। उन्होंने इसे लाखों कामगारों के लिए पहचान, सुरक्षा और सम्मान की दिशा में एक महत्वपूर्ण शुरुआत बताया है। इन नियमों के लागू होने से गिग वर्कर्स को सामाजिक सुरक्षा योजनाओं जैसे जीवन बीमा, दुर्घटना बीमा और स्वास्थ्य सुविधाओं का लाभ मिलेगा, जिससे उनकी आर्थिक स्थिरता सुनिश्चित हो सकेगी।
राघव चड्ढा ने अपने सोशल मीडिया पोस्ट में इस फैसले को एक बड़ी उपलब्धि करार दिया। उन्होंने कहा कि यह कदम भले ही छोटा लगे, लेकिन यह गिग इकोनॉमी से जुड़े करोड़ों कामगारों के लिए एक जरूरी और सकारात्मक शुरुआत है। उन्होंने यह भी बताया कि अब गिग वर्कर्स को अपनी पहचान मिल जाएगी, जिससे उनका काम औपचारिकता की कतार में आ जाएगा। वर्षों से यह कामगार बिना किसी सामाजिक सुरक्षा के काम कर रहे थे, और अब यह उम्मीद जागी है कि उनके जीवन में बदलाव आएगा।
चड्ढा ने कहा कि कई प्लेटफॉर्म कंपनियों ने पहले इन कामगारों की चिंताओं को नजरअंदाज किया था, लेकिन सरकार की इस पहल ने उन्हें सुरक्षा और सम्मान देने का रास्ता खोल दिया है। यह छोटी लेकिन महत्वपूर्ण जीत है, जो ऐक्टिव सेक्टर के कर्मचारियों के जीवन में स्थिरता लाने का संकेत है।
ड्राफ्ट नियमों के अनुसार, गिग वर्कर्स को आधिकारिक पहचान पत्र और यूनिक अकाउंट से जोड़ा जाएगा। यदि कोई वर्कर किसी एक प्लेटफॉर्म पर वित्तीय वर्ष में न्यूनतम निर्धारित कार्य अवधि पूरी करता है, तो वह सामाजिक सुरक्षा लाभ के पात्र होंगे। यदि कोई व्यक्ति एक से अधिक प्लेटफॉर्म पर काम करता है, तो कुल कार्य अवधि के आधार पर उसकी पात्रता तय होगी।
इन नए नियमों से, गिग वर्कर्स को जीवन बीमा, दुर्घटना बीमा और स्वास्थ्य सुविधाओं का लाभ मिलने की संभावना है। भविष्य में सोशल सिक्योरिटी फंड के माध्यम से पेंशन जैसी योजनाओं का भी रास्ता खुल सकता है। इससे फूड डिलीवरी, कैब सर्विस, और अन्य डिजिटल प्लेटफॉर्म से जुड़े कामगारों को आर्थिक सुरक्षा और स्थिरता का भरोसा मिलेगा। साथ ही, इन्हें असंगठित श्रेणी से बाहर निकालकर एक संरक्षित कार्यबल के रूप में देखा जाएगा।
राघव चड्ढा ने कहा कि गिग वर्कर्स आधुनिक अर्थव्यवस्था की एक अहम कड़ी हैं, और उनके अधिकारों की अनदेखी नहीं की जानी चाहिए। उन्होंने यह भी उम्मीद जताई कि आने वाले समय में इन नियमों को और मजबूत किया जाएगा ताकि इन कामगारों को वास्तविक और स्थायी लाभ मिल सके।
यह कदम गिग सेक्टर के लिए एक बड़ा माइलस्टोन है, जो उनके जीवन में स्थिरता और सम्मान लाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।
यह भी पढ़े : अचानक फूट-फूटकर रोने लगे बृजभूषण शरण सिंह, राष्ट्र कथा में रितेश्वर महाराज ने ऐसा क्या कह दिया?















