
प्रयागराज। झूंसी और हनुमानगंज के बीच पड़ने वाले गांव छिबैया गांव में बृहस्पतिवार को तेंदुआ एक घर में घुस गया। इसके पहले उसने अलाव ताप रहे चाचा-भतीजे पर हमला बोल दिया। जिसमें दोनों घायल हो गए। ग्रामीणों के शोर मचाने पर तेंदुआ शेखर सिंह के मकान में घुस गया। परिजनों ने मकान का दरवाजा बाहर से बंद कर दिया। मकान में फंसे परिवार के सदस्यों को खिड़की तोड़कर किसी तरहसे बाहर निकाला गया।
स्थानीय वन विभाग की टीम और पुलिस मौके पर पहुंच गई हैं। कानपुर से ट्रैंकुलाइजर एक्सपर्ट को बुलाया गया है। गंगापार इलाके के हनुमानगंज के पास छिबैयां गांव में बृहस्पतिवार को तेंदुआ एक घर में घुस गया। यह तेंदुआ कई महीने से गंगापार इलाके के गांवों में दहशत का पर्याय बना हुआ है। हरिश्चंद्र शोध संस्थान (एचआरआई) और आसपास के इलाकों (छतनाग, हनुमानगंज) में यह कई बार देखा गया था।

पालतू जानवरों का शिकार किया और ग्रामीणों में दहशत फैलाई है।वन विभाग की टीम ने इसे पकड़ने के लिए जाल, कैमरे लगाए और सर्च ऑपरेशन चलाए। गांवों में पिंजरे भी लगाए गए लेकिन यह हाथ नहीं लगा। अब ग्रामीणों ने इसे एक घर में कैद कर लिया है। हनुमानगंज के छिबैयां गांव में तेंदुए ने चाचा-भतीजे पर हमला बोल दिया। बृहस्पतिवार को गांव में तेंदुआ दिखने पर ग्रामीणों में भगदड़ जैसी स्थिति उत्पन्न हो गई। इसी दौरान अलाव ताप रहे मनोज भारतीया (27) और उसके भतीजे अंकित भारतीया (20) पर तेंदुए ने हमला बोल दिया। दोनों घायल हो गए हैं। उन्हें उपचार के लिए अस्पताल ले जाया गया है। फिलहाल तेंदुए की दहशत कायम है।
जब तक ट्रैंकुलाइजर टीम उसको काबू में नहीं कर लेती है। गांव में हजारों की भीड़ जमा हो गई है। गंगापार इलाके के हनुमानगंज, झूंसी और सरायइनायत इलाके में दहशत का पर्याय बना तेंदुआ छिबैयां गांव में शेखर सिंह के मकान में घुस गया। घर में कोहराम मच गया। परिवार के कुछ सदस्य बाहर निकल आए और मकान का दरवाजा बाहर से बंद कर दिया जबकि परिवार के कुछ सदस्य घर में ही फंस गए। जिन्हें ग्रामीणों ने रोशनदान तोड़कर बाहर निकाला।

तेंदुआ कई घंटे तक वह घर में ही घुसा रहा। इस दौरान खिड़की से देख रहे लोगों पर तेंदुआ गुर्राता रहा। इसी बीच कानपुर से आई डॉक्टरों की टीम घर में घुसी। फिर काफी मशक्कत के बाद तेंदुए को ट्रेकुलाइज किया गया। इस बीच, वन विभाग और 4 थानों की फोर्स मौके पर मौजूद रही। वन विभाग ने घर के चारों तरफ जाल बिछा दिया। गांववालों की भी भीड़ लग गई। एहतियातन इलाके की घेराबंदी की गई। पुलिस, वन विभाग और जिला प्रशासन के करीब 150 कर्मचारी अफसर रेस्क्यू ऑपरेशन में जुटे। मामला झूंसी थाना क्षेत्र के छिबैया गांव का है। अंधेरा होने के कारण तेंदुआ को कई घंटे के बाद पकड़ा गया।
यह भी पढ़े : Delhi Rain : बारिश ने बढ़ाई दिल्ली में सर्दी, गलन वाली ठंड के साथ शुरू हुई सुबह











