
- पुलिस ने 72 घंटे के भीतर किया घटना का सफल अनावरण
- शराब मांगने को लेकर हुआ था विवाद
लखनऊ : पुलिस ने ब्लाइंड मर्डर की घटना का खुलासा करते हुए दो हत्यारों को गिरफ्तार किया है। हत्यारों ने युवक की हत्या कर सबूत मिटाने के उद्देश्य से शव को आग के हवाले कर दिया था। ऐसी स्थिति में पुलिस के लिए घटना का खुलासा करना एक बड़ी चुनौती थी।
गिरफ्तार किए गए दोनों आरोपी और मृतक आपस में मित्र थे। निहाल वाल्मीकि के घर पर बैठकर सभी ने नशा किया, इसके बाद और शराब मांगने को लेकर विवाद हो गया। मारपीट और गाली-गलौज के बाद निहाल ने आंगन में पड़े गमले से मृतक सचिन तिवारी के सिर पर वार कर दिया। इस दौरान करन वाल्मीकि ने भी निहाल वाल्मीकि का साथ दिया।
बीते 9 जनवरी को सुशांत गोल्फ सिटी थाना क्षेत्र में एक अज्ञात युवक का शव मिलने की सूचना पुलिस को मिली थी। पुलिस ने मृतक की शिनाख्त सचिन तिवारी के रूप में की। सचिन तिवारी के पिता की तहरीर पर पुलिस ने मुकदमा दर्ज किया।
इस घटना के खुलासे के लिए डीसीपी दक्षिणी ने पांच टीमों का गठन किया था। इसके बाद घटना के 72 घंटे के भीतर पुलिस ने मुखबिर की सूचना पर करन वाल्मीकि और निहाल वाल्मीकि को गिरफ्तार कर लिया।
डीसीपी दक्षिणी ने बताया कि सचिन तिवारी और निहाल वाल्मीकि ने साथ बैठकर नशा किया था। इसके बाद और शराब मांगने को लेकर विवाद हुआ, जिसके बाद निहाल ने गमले से सचिन तिवारी के सिर पर वार किया और फिर चाकू से उसकी हत्या कर दी।
सबूत ठिकाने लगाने के लिए निहाल ने करन वाल्मीकि को बुलाया और दोनों स्कूटी से शव को ठिकाने लगाने निकल पड़े। पहले वे पेट्रोल पंप पर पेट्रोल लेने गए, जहां उन्हें पेट्रोल नहीं दिया गया। इसके बाद स्कूटी से पेट्रोल निकालकर शव को आग लगा दी, ताकि सबूत मिटाए जा सकें।
पुलिस ने घटना में प्रयुक्त आला-ए-कत्ल बरामद कर लिया है। घटना का खुलासा करने वाली टीम को 25,000 रुपये का इनाम दिया जा रहा है।










