
BJP President Nitin Nabin : भारतीय जनता पार्टी आने वाले राजनीतिक दौर से पहले खुद को नई ऊर्जा और ताकत के साथ तैयार करने में जुट गई है। पार्टी सूत्रों के अनुसार, राष्ट्रीय अध्यक्ष पद के लिए नितिन नबीन के नामांकन के साथ ही संगठन और सरकार दोनों स्तरों पर बदलाव की प्रक्रिया शुरू हो चुकी है। यह बदलाव खासतौर पर 2024 में मोदी 3.0 सरकार के दो साल पूरे होने से पहले लागू किया जाएगा।
नितिन नबीन का नामांकन और नई पीढ़ी को संगठन में मौका
पार्टी सूत्रों का कहना है कि जल्द ही बीजेपी की राष्ट्रीय संगठन टीम का पुनर्गठन किया जाएगा। इस नए स्वरूप में युवा नेताओं को प्राथमिकता दी जाएगी, जिनकी उम्र 55 साल से कम होगी। नई जिम्मेदारियों के लिए प्रदेशों से नए चेहरे लाकर उन्हें राष्ट्रीय स्तर पर अहम पद दिए जाएंगे।
2029 के लोकसभा चुनाव पर नजर
यह बदलाव 2029 के लोकसभा चुनाव को ध्यान में रखकर किए जा रहे हैं। इकोनॉमिक्स टाइम्स की रिपोर्ट के मुताबिक, पार्टी का उद्देश्य संगठन को मजबूत बनाना, कार्यकर्ताओं की सक्रियता बढ़ाना और राजनीतिक संदेश को अधिक प्रभावी बनाना है। नई टीम में उन नेताओं को प्राथमिकता दी जाएगी जो पार्टी की विचारधारा से जुड़े हैं और जिनका राजनीतिक पृष्ठभूमि संघ से रहा है। हालांकि, कुछ बाहरी नेताओं को भी शामिल किया जा सकता है।
मंत्रिपरिषद की स्थिति और संभावित बदलाव
सूत्रों के अनुसार, केंद्र सरकार में मंत्रियों के कार्यकुशलता और जिम्मेदारियों की भी समीक्षा हो रही है। वर्तमान मंत्रिपरिषद में 2021 के बाद से अधिक बदलाव नहीं हुए हैं। कई मंत्री दो-दो विभागों का प्रभार संभाल रहे हैं और कुछ अपने राजनीतिक करियर के अंतिम दौर में हैं। नई संगठनात्मक टीम के बनने के साथ ही मंत्रिपरिषद में भी बदलाव की संभावना है।
राज्य स्तर पर भी बदलाव की चर्चाएं
पार्टी शासित राज्यों में भी परिस्थिति के अनुसार बदलाव पर विचार किया जा रहा है। उत्तर प्रदेश में सामाजिक संतुलन और दलित नेताओं को बड़ी जिम्मेदारी देने की चर्चा चल रही है। बिहार और राजस्थान में कैबिनेट में बदलाव की प्रक्रिया शुरू हो चुकी है, वहीं मणिपुर में सरकार गठन को अंतिम रूप देने का प्रयास जारी है।
आने वाले एक साल में राज्यसभा की 70 से अधिक सीटें खाली होंगी, जिनमें से लगभग 30 सांसद रिटायर हो रहे हैं। पार्टी का लक्ष्य है कि वे कम से कम 33 सीटें जीत सकें। इन उम्मीदवारों का चयन संगठन की जरूरतों, प्रशासनिक अनुभव और सामाजिक समीकरणों को ध्यान में रखकर किया जाएगा।
यह भी पढ़े : MP : ग्वालियर में महिला इंजीनियर पत्नी को मिला धोखा, शादी के 21 महीने बाद पता चला पति का ‘सच’














