Hardoi : उपसंचालक चकबंदी व एओसी समेत आठ के खिलाफ आत्महत्या के लिए उकसाने की प्राथमिकी दर्ज

Shahabad, Hardoi : चकबंदी के दौरान पैतृक खेत बदले जाने से आहत एक युवक की मृत्यु के मामले में उपसंचालक चकबंदी (डीडीसी), बंदोबस्त अधिकारी (एसओसी) और लेखपाल समेत आठ लोगों के खिलाफ आत्महत्या के लिए उकसाने की प्राथमिकी दर्ज की गई है। यह कार्रवाई मृतक के पिता की शिकायत पर की गई है।

शाहाबाद कोतवाली क्षेत्र के सिकंदरपुर नरकतरा निवासी कल्लू ने पुलिस को दी तहरीर में आरोप लगाया है कि चकबंदी प्रक्रिया के दौरान कानूनगो वीरपाल, बंदोबस्त अधिकारी पीसी उत्तम और उपसंचालक चकबंदी ज्ञानेश त्रिपाठी ने पैतृक खेत यथावत रखने के लिए उनसे 50 हजार रुपये की मांग की थी। आरोप है कि रुपये न देने पर अधिकारियों ने उनका पैतृक खेत गांव के ही एक अन्य व्यक्ति को दे दिया और बदले में दूसरी जगह खेत देने की बात कही। कल्लू का कहना है कि उक्त खेत में उनके पुरखों की समाधि है, जिससे पूरा परिवार भावनात्मक रूप से जुड़ा हुआ था। खेत बदले जाने का उनके पुत्र राजकुमार उर्फ राजू ने विरोध किया। आरोप है कि इसी बात को लेकर 19 दिसंबर को गांव के कुछ लोगों ने उसके साथ मारपीट की। पीड़ित परिवार के अनुसार, घटना से आहत होकर राजकुमार ने एक वीडियो बनाकर सोशल मीडिया पर डाला था, जो बाद में वायरल हो गया।

हालांकि, इस वीडियो की स्वतंत्र पुष्टि अखबार द्वारा नहीं की गई है। अगले दिन 20 दिसंबर को उसने आत्महत्या कर ली। शनिवार को कल्लू की शिकायत पर पुलिस ने कार्रवाई करते हुए उपसंचालक चकबंदी, बंदोबस्त अधिकारी, लेखपाल और गांव के कुछ अन्य लोगों सहित कुल आठ के खिलाफ आत्महत्या के लिए उकसाने के आरोप में प्राथमिकी दर्ज की है। कोतवाल जितेंद्र सिंह ने बताया कि मामले में रिपोर्ट दर्ज कर ली गई है और सभी आरोपों की गहन जांच की जा रही है। जांच के आधार पर आगे की विधिक कार्रवाई की जाएगी।

खबरें और भी हैं...

अपना शहर चुनें