
चमोली : उत्तराखंड के निगोमती नदी में असामाजिक तत्वों द्वारा ब्लीचिंग पाउडर डालकर मछलियों का शिकार किए जाने की घटना सामने आई है। इस बारे में स्थानीय ग्रामीणों ने वन विभाग से शिकायत करते हुए कड़ी कार्रवाई की मांग की है।
ग्रामीणों ने बताया कि तुंगनाथ की तलहटी से निकलने वाली निगोमती नदी, हापला होते हुए नंदप्रयाग के पास अलकनंदा नदी में मिलती है। उन्होंने आरोप लगाया कि असामाजिक तत्व नदी में ब्लीचिंग पाउडर डालकर मछलियों को मार रहे हैं, जिससे नदी की पारिस्थितिकी पर बुरा असर पड़ रहा है।
ग्रामीणों के मुताबिक, त्रिशूला की प्रधान कमला देवी, विनोद नेगी, आरएस नेगी और सुशीला देवी ने वन विभाग से नदी की निगरानी बढ़ाने और असामाजिक तत्वों के खिलाफ ठोस कार्रवाई करने की अपील की है।
इस मामले पर प्रतिक्रिया देते हुए केदारनाथ वन्य जीव प्रभाग के नागनाथ रेंज के वन क्षेत्राधिकारी नवल किशोर नेगी ने कहा कि नदी की निगरानी के लिए कर्मचारियों को तैनात किया जाएगा। उन्होंने चेतावनी दी कि अगर कोई व्यक्ति नदी में ब्लीचिंग पाउडर डालते हुए पकड़ा गया, तो उस पर वन्य जीव अधिनियम के तहत सख्त कार्रवाई की जाएगी।