
लखनऊ। उत्तर प्रदेश के आबकारी विभाग के मंत्री नितिन अग्रवाल ने गौतमपल्ली स्थित सरकारी आवास पर पत्रकारों से बातचीत में कहा कि आबकारी विभाग को पूरी तरह से आनलाइन करने के लिए तेजी से कदम उठाया गया है। विभाग में पत्रावलियों का व्यवहरण ई—आफिस प्रणाली द्वारा किया जा रहा है। ई—आफिस प्रणाली को शत प्रतिशत लागू करने के लिए निर्धारित स्पेसिफिकेशन के कम्प्यूटरों को क्रय किया गया है।
आबकारी विभाग के मंत्री नितिन ने कहा कि आबकारी विभाग के कर्मचारियों, अधिकारियों के विवरण व कार्य मानव सम्पदा पोर्टल के माध्यम से किये जा रहे है। मदिरा की फुटकर दुकानों का व्यवस्थापन ई—लॉटरी द्वारा एनआईसी के पोर्टल से किया गया है। थोक व बॉण्ड अनुज्ञापन का निर्गमन, लेबलों का अनुमोदन व मदिरा की एमआरपी का अनुमोदन किया जा रहा है। दुकानदारों की मदिरा उठान की आनलाइन मानिटरिंग व मदिरा की बोतलों की वैधता की पहचान, एमआरपी की जानकारी के लिए मोबाइल एप का विकास हुआ है।
नितिन अग्रवाल ने पत्रकारों से कहा कि आबकारी विभाग में कर चोरी पकड़ने के उद्देश्य से जीपीएस युक्त वाहनों से ही मदिरा का आवागमन कराया जा रहा है। आसवनियों पर सीसीटीवी कैमरे का उपयोग बढ़ाया गया है। मदिरा, स्प्रिट टैंकरों में डिजिटल लॉकिंग की व्यवस्था की गई है। डिस्टलरीज में डिजिटल अल्कोहल मीटर का उपयोग, आबकारी अनुज्ञप्त परिसरों की जियो फेंसिंग, क्यूआर कोड को अनिवार्य करना जैसे कार्यो का कराया जा रहा है।