
Shravasti : आंगनबाड़ी केंद्रों पर पढ़ने वाले नौनिहालों को हॉट कुक्ड योजना के तहत परोसे जाने वाले गर्म भोजन में लाखों रुपये के गोलमाल का आरोप लगा है। इस संबंध में समाजसेवी मनोज पाठक ने डीएम से शिकायत कर जांच कराने की मांग की है।
समाजसेवी ने बताया कि महिला एवं बाल विकास विभाग की ओर से वर्ष 2018 में जिले में संचालित 926 आंगनबाड़ी केंद्रों पर हॉट कुक्ड योजना लागू की गई थी। उनका आरोप है कि इस योजना के तहत प्रति बच्चा आठ रुपये 50 पैसे की दर से ग्राम प्रधान व आंगनबाड़ी के संयुक्त बैंक खाते में धनराशि भेजी गई थी। इसमें सात रुपये बच्चों के गर्म भोजन पकाने की सामग्री पर खर्च होने थे, जबकि एक रुपये रसोइया और 50 पैसे सहायिका को बतौर पारिश्रमिक मिलने थे।
योजना के लागू होने के आठ वर्ष बीत जाने के बाद भी अभी तक न तो रसोइयों और न ही सहायिकाओं को पारिश्रमिक दिया गया है। ऐसे में यह सवाल खड़ा होता है कि बिना पारिश्रमिक योजना का संचालन कैसे हो रहा है। शिकायतकर्ता ने डीपीओ पर मिलीभगत कर धन के गोलमाल का आरोप लगाते हुए डीएम से जांच कराकर कार्रवाई की मांग की है।










