
Kasganj : शहर के नदरई गेट स्थित गांधी मूर्ति पर कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने मनरेगा योजना का नाम बदलकर ‘जी राम जी’ किए जाने के केंद्र सरकार के फैसले के विरोध में रविवार को एक दिवसीय उपवास रखा। उपवास कार्यक्रम की अध्यक्षता कांग्रेस जिलाध्यक्ष मनोज पांडे ने की।
आपको बता दें कि कांग्रेस पूरे देश में मनरेगा का नाम बदलने के इस फैसले का विरोध कर रही है। इसी क्रम में कासगंज में भी कार्यकर्ताओं ने शहर के नदरई गेट स्थित गांधी मूर्ति पर धरना देकर उपवास किया। इस दौरान जिलाध्यक्ष मनोज पांडे ने बताया कि यह उपवास गांधीजी के सिद्धांतों का पालन करते हुए किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार द्वारा मनरेगा का नाम बदलकर जो नई योजना लागू की गई है, कांग्रेस आज से इसके विरोध में अपना आंदोलन शुरू कर रही है।
मनरेगा बचाओ आंदोलन के कोऑर्डिनेटर मुनेन्द्र पाल सिंह ने उपवास के दौरान कहा कि कांग्रेस ने मजदूरों के लिए रोजगार गारंटी योजना बनाई थी, जिसके तहत सभी कार्डधारकों को 100 दिन का रोजगार मिलना था। उन्होंने आरोप लगाया कि केंद्र सरकार इस योजना के तहत रोजगार देने में विफल रही है। मुनेन्द्र पाल सिंह ने यह भी कहा कि ‘राम’ का नाम लेकर सरकार पात्र व्यक्तियों को रोजगार नहीं देना चाहती है और प्रदेश में किसी को 50 दिन से अधिक का रोजगार नहीं दिया गया है।
कार्यक्रम में कांग्रेस जिलाध्यक्ष मनोज पांडे, मनरेगा बचाओ आंदोलन के कोऑर्डिनेटर मुनेन्द्र पाल सिंह, कांग्रेस कमेटी के शहर अध्यक्ष राजेंद्र कश्यप, सतेंद्र पाल सिंह वैश्य, दीप कुमार पांडे, सुशील पंडित, मीनाक्षी गौड़, उषा पाल, निर्जला कुमारी सहित कई अन्य कांग्रेस कार्यकर्ता उपस्थित रहे।










