
लखनऊ। भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) माफिया जीवी पार्टी है। एनकाउंटर माफिया, कफ सीरप माफिया, नीट माफिया, स्क्रैप माफिया, थाना वूसली माफिया पार्टी है। बीजेपी पूंजीवादी और साम्प्रदायिक पार्टी है। विशेष प्रगाण पुनरीक्षण (एसआईआर) के बहाने वह साजिश रच रही है। एक हजार किसानों ने जान गवां दी, भाजपा पर कोई असर नहीं हुआ। सुना है कि भाजपा ने नोएडा में किसी साफ्टवेयर कम्पनी को हायर किया है वह वोटर लिस्ट पर काम कर रही है। यह आरोप समाजवादी पार्टी (सपा) के राष्ट्रीय अध्यक्ष एवं पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने लगाए। वे राज्य मुख्यालय लखनऊ के डॉ. राममनोहर लोहिया सभागार में शनिवार को पत्रकारों को संबोधित कर रहे थे।
अखिलेश यादव ने कहा कि एसआईआर के काम में जल्दबाजी क्यों की जा रही है। यह काम संवेदनशील और मेहनत का है। उन्होंने सांसद राजीव राय के एक पत्र का उल्लेख किया जिसमें बताया गया कि संसदीय निर्वाचन क्षेत्र घोसी के विधानसभा क्षेत्र में 20 हजार मतदाताओं के नाम काट दिए गए हैं। भाजपाई संविधान को नहीं मानते हैं। ये न सोशलिस्ट है नहीं सेक्यूलरिस्ट। हम इनसे लड़ रहे हैं, लड़ते रहेंगे।
सपा अध्यक्ष ने कहा कि एसआईआर के फार्म अधिकांश गांवों तक नहीं पहुंचाए गए हैं। बताया जा रहा है कि फार्म बांट चुके है। तमाम शिकायते आ रही है। यह मामला वे लोकसभा में भी उठाएंगे। इस दौरान उन्होंने मलिहाबाद के मृतक बीएलओ विजय कुमार वर्मा की पत्नी संगीता को दो लाख रुपये की मदद दी।
अखिलेश ने कहा कि बार बार मुख्यमंत्री पहले कहते थे वन डिस्ट्रिक्ट वन माफिया हैं, अब हर विभाग में माफिया है। जौनपुर का मामला सामने आया है और भी मामले खुलेंगे। यूपी में बहुत डिस्ट्रिक्ट है। लखनऊ में गिरफ्तार ड्रग तस्कर अमित टाटा जौनपुर के एक बाहुबली के साथ दिखते रहे हैं। उनकी गाड़ी का नंबर भी वही है, जो बाहुबली की गाड़ी का है। जहरीली सिरप की 100 करोड़ रूपये से ज्यादा की अवैध बिक्री प्रकाश में आई है। इस कांड का मास्टरमाइंड शुभम भी बाहुबली के साथ देखा गया है। कितने मासूम बच्चों को अपने मुनाफे के लिए इन लोगों ने मार डाला। इस जहरीली सिरप का नशे में भी इस्तेमाल होता है। उन्होंने कहा कि ये जमाना सीबीआई का नहीं बुलडोजर का है। बुलडोजर कब चलेगा? इस अवसर पर पूर्व कैबिनेट मंत्री राजेन्द्र चौधरी, प्रदेश अध्यक्ष श्याम लाल पाल तथा समाजवादी पार्टी के वरिष्ठ नेता जावेद आब्दी आदि मौजूद रहे।










