
- 12 अप्रैल को आगरा में राणा सांगा की जयंती मनाएंगे, घायल करणी सैनिकों से मिले
- दलित भाई सपा की इस राजनीति को समझें, मायावती ही सबसे बड़ी दलित नेता
आगरा। शेर सिंह राणा राजपा के नाम से अपनी पार्टी भी चला रहे हैं। आज आगरा के दौरे पर आए शेर सिंह राणा ने कहा कि रामजी लाल सुमन ने देश में जातीय दंगा भड़काने की मंशा से राणा सांगा के लिए गलत शब्द बोले हैं। हम इसकी कड़ी निंदा करने के लिए यहां आए हैं। उन्होंने कहा कि हम आगरा में आगामी 12 अप्रैल को राणा सांगा की जयंती मनाएंगे।
उन्होंने कहा कि समाजवादी पार्टी रामजी लाल सुमन के जरिए दलितों और क्षत्रियों को आमने-सामने लाना चाहती है। दलित भाई सपा की इस राजनीति को पहचानें। दलित भी जानते हैं कि दलितों की सबसे बड़ी नेता मायावती हैं। उन्होंने कहा कि सुमन द्वारा राणा सांगा के लिए अपशब्द बोले जाने का विरोध करने के लिए हमारे करणी सेना के कार्यकर्ता जब उनके आवास पर पहुंचे तो सुमन द्वारा पहले से बुलाकर बैठाये गये गुंडों ने पथराव किया। इसमें कई करणी सैनिकों को चोट पहुंची है।
समाजवादी पार्टी के अध्यक्ष अखिलेश यादव पर प्रहार करते हुए राणा ने कहा कि इन्हें गौशाला से बदबू आती है। उत्तर प्रदेश की गद्दी पर एक क्षत्रिय बैठा तो इनके गुंडों और माफिया का सफाया हो गया। इसी से ये बौखलाए हुए हैं।
शेर सिंह राणा ने आगरा पहुंचने के बाद 26 मार्च को सांसद सुमन के आवास पर हुए प्रदर्शन में घायल हुए करणी सैनिकों से भी मुलाकात की और उनकी हर संभव मदद का भरोसा दिया। शेर सिंह राणा के इस दौरै में क्षत्रिय सभा के पूर्व जिलाध्यक्ष भंवर सिंह चौहान, वरिष्ठ नेता संजय चौहान, संजय पंवार, मुनेंद्र जादौन समेत समाज के अन्य वरिष्ठ नेता भी मौजूद रहे।